रायपुर, 09 अक्टूबर 2026
अपने परिवार के लिए एक पक्का घर हो, जहां बारिश के दिनों में छत से पानी टपकने की चिंता न रहे और बच्चे सुरक्षित वातावरण में रह सकें। सरगुजा जिले की श्रीमती राधिका गुप्ता ने भी वर्षों तक यही सपना देखा था। करीब 14 साल किराये के मकान में गुजारने के बाद अब उनका यह सपना साकार हुआ है। प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के माध्यम से पक्का आवास मिलने से उनके परिवार को वर्षों पुरानी परेशानियों से राहत मिली है। वहीं महतारी वंदन योजना के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता से बच्चों की पढ़ाई और ट्यूशन का खर्च उठाने में भी मदद मिल रही है।
राधिका की यह कहानी शासन की दो जनकल्याणकारी योजनाओं से एक परिवार के जीवन में आए बदलाव को सामने लाती है। एक ओर प्रधानमंत्री आवास योजना ने परिवार को सुरक्षित छत उपलब्ध कराई है, वहीं दूसरी ओर महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि बच्चों की शिक्षा संबंधी जरूरतों को पूरा करने में सहायक बन रही है।
14 साल किराये के मकान में बीते, बारिश आते ही बढ़ जाती थी चिंता
राधिका गुप्ता बताती हैं कि उनका परिवार लगभग 14 वर्षों तक किराये के मकान में रहा। पहले वे जिस मकान में रहती थीं, वह कच्चा था और उसकी छत पर टीन की चादरें लगी हुई थीं। बारिश के दिनों में छत से पानी टपकने लगता था, जिससे परिवार को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
बरसात का मौसम उनके लिए विशेष रूप से कठिन होता था। घर की खराब स्थिति के कारण रहने में असुविधा होती थी। ऐसे में परिवार की सबसे बड़ी इच्छा थी कि उनका अपना एक पक्का और सुरक्षित मकान हो, जहां वे बिना किसी परेशानी के रह सकें। लंबे समय तक किराये के मकान में रहने के बावजूद परिवार के लिए स्वयं पक्का घर बनाना आसान नहीं था। प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 का लाभ मिलने से उनकी वर्षों पुरानी आवास संबंधी समस्या का समाधान हुआ है।
पक्के घर ने दी सुरक्षा और सुकून, परिवार में आई खुशियां
प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के अंतर्गत पक्का आवास मिलने के बाद राधिका और उनके परिवार के जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव आया है। अब उन्हें पहले की तरह कच्चे मकान और टीन की छत से पानी टपकने की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता।
राधिका बताती हैं कि पक्का घर मिलने से परिवार में खुशी का माहौल है। वर्षों तक किराये के मकान में रहने के बाद अब बेहतर आवासीय सुविधा उपलब्ध होने से उन्हें काफी राहत मिली है। उनके लिए पक्का मकान केवल रहने की जगह नहीं, बल्कि परिवार की सुरक्षा, सम्मान और भविष्य के प्रति भरोसे का आधार बन गया है। अपने घर में रहने की खुशी ने वर्षों की परेशानियों को पीछे छोड़ने का अवसर दिया है।
महतारी वंदन योजना से बच्चों की पढ़ाई को मिल रहा सहारा
राधिका गुप्ता को महतारी वंदन योजना का लाभ भी मिल रहा है। योजना के अंतर्गत प्रतिमाह मिलने वाली एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता का उपयोग वे बच्चों की शिक्षा संबंधी जरूरतों को पूरा करने में कर रही हैं।
राधिका बताती हैं कि इस राशि से बच्चों की पढ़ाई और ट्यूशन का खर्च उठाने में मदद मिलती है। इससे परिवार पर शिक्षा संबंधी खर्च का आर्थिक बोझ कुछ कम हुआ है। उनके लिए यह सहायता राशि विशेष महत्व रखती है, क्योंकि बच्चों की अच्छी शिक्षा परिवार की प्राथमिकताओं में शामिल है। महतारी वंदन योजना से मिलने वाला आर्थिक सहयोग उन्हें बच्चों की पढ़ाई जारी रखने और उनकी शैक्षणिक आवश्यकताओं को पूरा करने में सहारा दे रहा है।
एक योजना से मिला घर, दूसरी से बच्चों के भविष्य को संबल
राधिका के परिवार के जीवन में प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 और महतारी वंदन योजना अलग-अलग जरूरतों को पूरा करने में मददगार साबित हो रही हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से परिवार को सुरक्षित आशियाना मिला है, जबकि महतारी वंदन योजना की राशि से बच्चों की शिक्षा संबंधी खर्चों को पूरा करने में सहयोग मिल रहा है।
राधिका बताती हैं कि पक्का मकान मिलने से आवास की बड़ी चिंता दूर हुई है। वहीं हर महीने मिलने वाली आर्थिक सहायता से बच्चों की पढ़ाई पर खर्च करने में सुविधा हो रही है। दोनों योजनाओं का लाभ मिलने से परिवार के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है।
14 साल किराये के मकान में रहे, अब अपना पक्का घर मिलने से बहुत खुशी है
अपने अनुभव साझा करते हुए राधिका गुप्ता बताती हैं कि उनका परिवार करीब 14 साल तक किराये के मकान में रहा। कच्चे मकान में टीन की छत होने के कारण बारिश के दिनों में पानी टपकता था और रहने में काफी परेशानी होती थी।
अब प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिलने से उन्हें पक्का मकान मिला है। राधिका इस बदलाव से बेहद खुश हैं। उनका कहना है कि पक्का घर मिलने से परिवार को सुरक्षित रहने की सुविधा मिली है और वर्षों पुरानी परेशानी दूर हुई है।
उन्होंने बताया कि महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि भी परिवार के लिए उपयोगी है। इससे बच्चों की पढ़ाई और ट्यूशन का खर्च उठाने में सहायता मिल रही है।
प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के प्रति जताया आभार
राधिका गुप्ता ने प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के माध्यम से पक्का आवास मिलने और महतारी वंदन योजना से आर्थिक सहायता प्राप्त होने पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं से उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है। पक्का घर मिलने से वर्षों पुरानी आवास संबंधी परेशानी दूर हुई है, वहीं आर्थिक सहायता बच्चों की शिक्षा में मददगार बन रही है।
पक्की छत से सुरक्षित हुआ वर्तमान, शिक्षा के सहारे संवर रहा बच्चों का भविष्य
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत राधिका गुप्ता की कहानी जनकल्याणकारी योजनाओं से जरूरतमंद परिवारों के जीवन में आने वाले बदलाव का उदाहरण है। करीब 14 वर्षों तक किराये के मकान में रहने और बारिश के दिनों में टपकती छत की परेशानी झेलने के बाद आज उनके परिवार को पक्का आवास मिला है।
इसके साथ ही महतारी वंदन योजना से मिलने वाली आर्थिक सहायता बच्चों की पढ़ाई में सहयोग कर रही है। एक ओर परिवार को सुरक्षित आवास का संबल मिला है, वहीं दूसरी ओर बच्चों के बेहतर भविष्य की उम्मीद को मजबूती मिली है।
राधिका के लिए पक्का घर केवल ईंट और सीमेंट से बना मकान नहीं, बल्कि वर्षों के संघर्ष के बाद मिली राहत और सुकून का प्रतीक है। शासन की योजनाओं से मिला यह सहयोग उनके परिवार को सुरक्षा, सम्मान और बेहतर भविष्य की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर दे रहा है।









