Mauganj News In Hindi :
– मऊगंज के खटखरी गांव में रेस्क्यू ऑपरेशन ने दिखाया इंसानियत और हिम्मत का असली चेहरा
मऊगंज (खटखरी)।
मध्य प्रदेश के मऊगंज जिले के खटखरी गांव में शुक्रवार को उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब 75 वर्षीय रामगोपाल कुशवाहा अचानक एक संकीर्ण और सूखे कुएं में गिर गए। यह हादसा दोपहर करीब 11 बजे हुआ और इसके बाद शुरू हुआ करीब 10 घंटे लंबा और सांसें रोक देने वाला रेस्क्यू ऑपरेशन, जो देर रात करीब 10:30 बजे बुजुर्ग को सकुशल बाहर निकालकर खत्म हुआ।

जिला प्रशासन की सक्रियता और जवान की बहादुरी ने बचाई जान
सूचना मिलते ही गांव में प्रशासन और पुलिस का भारी अमला जुट गया। खुद कलेक्टर संजय कुमार जैन, एसपी दिलीप कुमार सोनी और एएसपी विक्रम सिंह मोर्चा संभालते नजर आए। जब स्थानीय प्रयास विफल हुए, तो रीवा से एसडीआरएफ (SDRF) टीम बुलाई गई।
कुएं में मिथेन गैस की मौजूदगी ने रेस्क्यू को और खतरनाक बना दिया। विशेषज्ञों की सलाह पर पहले ऑक्सीजन की आपूर्ति की गई और फिर जब गैस स्तर नियंत्रित हुआ, तब एक जांबाज पुलिस जवान दीपक रावत ने जान की परवाह किए बिना रस्सी के सहारे कुएं में उतरकर बुजुर्ग को बाहर निकाला।
गांव वालों और अधिकारियों ने ली राहत की सांस
बुजुर्ग को प्राथमिक उपचार के लिए हनुमना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी हालत सामान्य बताई। पूरे गांव में प्रशासनिक टीम और बहादुर जवान की इस जान बचाने वाली कोशिश की तारीफ हो रही है।
चूक और लापरवाही भी उजागर हुई
यह हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि प्रशासनिक आदेशों की अनदेखी का नतीजा भी है। अप्रैल 2024 में मऊगंज कलेक्टर द्वारा खुले, बिना मुंडेर वाले कुओं और बोरवेल को बंद करने के निर्देश दिए गए थे। बावजूद इसके खटखरी गांव में यह आदेश जमीन पर नहीं उतर सके, जिसका नतीजा यह हादसा बना।

अब सवाल यह है कि…
अगर ग्राम पंचायत, जनपद या राजस्व विभाग ने समय रहते कार्रवाई की होती, तो एक बुजुर्ग की जान इतने लंबे समय तक खतरे में नहीं पड़ती। यह घटना उन सभी गांवों के लिए चेतावनी है, जहां अब भी ऐसे असुरक्षित कुएं और बोरवेल खुले पड़े हैं।
SDRF और प्रशासन की टीम ने दिखाया साहस
इस ऑपरेशन में एसडीआरएफ टीम, पुलिस जवानों और प्रशासन की संयुक्त सूझबूझ ने यह साबित कर दिया कि जब हिम्मत और मानवता साथ हों, तो कोई भी चुनौती बड़ी नहीं होती।
नायक वही, जो जान बचाए
पुलिस जवान दीपक रावत का साहस और जिम्मेदारी इस घटना की सबसे प्रेरणादायक बात रही। उनके इस कदम ने मऊगंज प्रशासन और पुलिस की छवि को नई ऊंचाई दी है।









