Mauganj:मऊगंज में होटल-ढाबों में नियमों की खुली धज्जियां — घरेलू सिलेंडर से चल रहे चूल्हे, फूड कंट्रोल विभाग मौन
मऊगंज। शहर में होटल और ढाबा संचालकों द्वारा घरेलू एलपीजी सिलेंडर (Domestic LPG Cylinder) का व्यावसायिक उपयोग खुलेआम किया जा रहा है।
जहां केवल कमर्शियल सिलेंडर (Commercial Cylinder) का प्रयोग नियमों के तहत अनुमत है, वहीं कई होटल और छोटे भोजनालय घरेलू गैस सिलेंडरों से ही खाना पका रहे हैं।
सबसे ज्यादा ऐसे मामले मऊगंज कॉलेज के आसपास बने छोटे होटलों और ढाबों में देखने को मिल रहे हैं।
यहां सुबह से रात तक घरेलू गैस सिलेंडर पर लगातार चूल्हे जलते रहते हैं।
इससे न केवल गंभीर सुरक्षा खतरा पैदा होता है, बल्कि यह एलपीजी वितरण नियमों का भी सीधा उल्लंघन है।
क्या कहता है नियम ?:
भारत सरकार के एलपीजी (नियंत्रण) आदेश, 2000 के अनुसार –
- घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग केवल घरेलू उपयोग के लिए किया जा सकता है।
- किसी भी व्यावसायिक या औद्योगिक स्थल पर घरेलू सिलेंडर का प्रयोग पूर्णतः प्रतिबंधित है।
- होटल, ढाबा, रेस्टोरेंट, कैफे, बेकरी या किसी भी सार्वजनिक खानपान स्थल पर केवल कमर्शियल सिलेंडर (19 Kg या 47.5 Kg) का उपयोग अनिवार्य है।
- इस नियम का उल्लंघन करने वालों पर आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 (Essential Commodities Act, 1955) के तहत जुर्माना और सजा दोनों का प्रावधान है।
खतरा और लापरवाही:
विशेषज्ञों के अनुसार, घरेलू सिलेंडर लगातार लंबे समय तक उपयोग के लिए बने नहीं होते।
होटल या ढाबों में इनका अधिक तापमान और दबाव पर इस्तेमाल ब्लास्ट का खतरा बढ़ा देता है।
इसके बावजूद मऊगंज में फूड कंट्रोल विभाग द्वारा किसी भी स्तर पर जांच या कार्रवाई नहीं की जा रही है।
स्थानीय नागरिकों ने बताया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद फूड कंट्रोल अधिकारी और स्थानीय प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
स्थानीय लोगों की मांग:
लोगों का कहना है कि जिला प्रशासन को जल्द से जल्द ऐसे होटलों पर कार्रवाई करनी चाहिए
जो नियमों का उल्लंघन कर घरेलू गैस से मुनाफाखोरी और सुरक्षा से खिलवाड़ कर रहे हैं।
साथ ही, नियमित निरीक्षण कर यह सुनिश्चित किया जाए कि
सभी होटल और ढाबे केवल कमर्शियल गैस सिलेंडर का ही प्रयोग करें।







