ग्राम सभाओं के माध्यम से ग्रामीणों को विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम, 2025 की दी गई जानकारी
रायपुर, 20 अगस्त 2026

जांजगीर-चांपा जिले की सभी ग्राम पंचायतों में ‘जनसंवाद 2.0 रू विकसित भारत ग्राम संकल्प’ का आयोजन किया गया। ग्राम सभा एवं जनसंवाद कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीणों को विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम, 2025, रोजगार के अधिकार, पारदर्शिता, जवाबदेही एवं जनभागीदारी के संबंध में जानकारी दी गई। साथ ही ग्रामीणों से गांव की विकास प्राथमिकताओं, आवश्यकताओं और सुझावों को जानकर उन्हें ग्राम पंचायत की विकास प्रक्रिया से जोड़ने की पहल की गई।
जनसंवाद 2.0 के दौरान ‘मेरे गांव की प्राथमिकता’ वोटिंग वॉल के माध्यम से ग्रामीणों ने सड़क, पानी, रोजगार और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े आवश्यक विकास कार्यों को अपनी प्राथमिकता के रूप में सामने रखा। वहीं ‘125 दिन रोजगार-मेरा अधिकार’ के माध्यम से ग्रामीणों को रोजगार के अधिकार और योजना के प्रावधानों की जानकारी दी गई। ‘विकसित भारत संदेश कार्ड’ के जरिए ग्रामीणों ने अपने सुझाव एवं विचार साझा किए।
इसी क्रम में ‘जनता पूछे-पंचायत बताए’ संवाद मंच के माध्यम से रोजगार, मजदूरी भुगतान, पंचायत स्तर पर संचालित विकास कार्यों, शिकायत निवारण तथा अन्य जनहित के विषयों पर ग्रामीणों के सवालों और जिज्ञासाओं का समाधान किया गया। इससे ग्रामीणों को शासन की योजनाओं और अपने अधिकारों की जानकारी मिलने के साथ गांव के विकास से जुड़े विषयों पर अपनी बात रखने का अवसर मिला।
जनपद पंचायत बलौदा की ग्राम पंचायत मड़वा में सहायक प्रचार-प्रसार अधिकारी श्री देवेंद्र कुमार यादव, सरपंच श्री अजय कुमार सोनवानी, सचिव श्री ओमप्रकाश राठौर एवं रोजगार सहायक सुश्री निशा कंवर ने ग्रामीणों को योजना के प्रावधानों एवं रोजगार अधिकारों की जानकारी दी। जनपद पंचायत नवागढ़ की ग्राम पंचायत अमोरा एवं पचेड़ा में कार्यक्रम अधिकारी सुश्री धरमिन सिगरोल एवं तकनीकी सहायक श्री अब्दुल कामिल सिद्दीकी की उपस्थिति में जनसंवाद आयोजित किया गया। जनपद पंचायत अकलतरा की ग्राम पंचायत तरोद में कार्यक्रम अधिकारी श्री एल.पी. राठौर तथा जनपद पंचायत बम्हनीडीह की ग्राम पंचायत परसापाली में भी जनसंवाद के माध्यम से ग्रामीणों को जागरूक किया गया।
कार्यक्रमों में पंचायत प्रतिनिधियों, हितग्राहियों, स्व-सहायता समूहों की महिलाओं, युवाओं एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सहभागिता की। ग्रामीणों ने अपने गांव की जरूरतों और विकास से जुड़ी प्राथमिकताओं को सामने रखते हुए स्थानीय स्तर पर विकास कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने के लिए सुझाव दिए।
जनसंवाद 2.0 के माध्यम से ग्राम सभा को केवल योजनाओं की जानकारी देने वाले मंच तक सीमित न रखते हुए ग्रामीणों की आवाज, सुझावों और विकास प्राथमिकताओं को ग्राम पंचायत की कार्ययोजना से जोड़ने वाले सहभागी मंच के रूप में मजबूत करने की दिशा में पहल की गई। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने ‘मेरा गांव-मेरा संकल्प, विकसित भारत का मजबूत आधार’ का सामूहिक संदेश दिया।
जनसंवाद 2.0 ने ग्रामीणों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होने, गांव के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से ‘विकसित गांव से विकसित भारत’ के संकल्प को मजबूत करने का अवसर प्रदान किया।









