
दतिया विधानसभा उपचुनाव के प्रचार के बीच रविवार को चिरूला गांव में एक ऐसा नजारा देखने को मिला जिसने चुनावी माहौल में अनोखा रंग भर दिया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी कांग्रेस प्रत्याशी कुंवर घनश्याम सिंह के समर्थन में एक जनसभा को संबोधित कर रहे थे. इस दौरान बीजेपी प्रत्याशी आशुतोष तिवारी भी गांव में प्रचार कर रहे थे.
जब आशुतोष दूर से जीतू पटवारी का अभिवादन करते हुए आगे बढ़ने लगे तो जीतू ने कहा, “पास आओ और मुझसे मिलो। इतनी दूर से क्यों जा रहे हो दोस्त? ऐसा नहीं चलेगा।” इसके बाद आशुतोष करीब आ गए.
पूछा-दूर से जाओगे तो काम कैसे चलेगा?
पास आने पर जीतू ने कहा, “पहली बात तो यह कि आप यहां पहली बार चुनाव लड़ने आए हैं. इससे पहले आप कभी नहीं आए. फिर भी दूर से ही जाते रहेंगे तो कैसे काम चलेगा?” इस दौरान आशुतोष ने जीतू के हाथ से माइक्रोफोन लिया और मौजूद लोगों से कहा, “हमारी विचारधाराएं अलग हैं, लेकिन हमारे बीच पारिवारिक संबंध हैं। बहुत पुराने संबंध हैं। मैं आप सभी से अनुरोध करता हूं कि आपका आशीर्वाद भारतीय जनता पार्टी को मिले। मैं विनम्रतापूर्वक आपका आशीर्वाद चाहता हूं।”
इसके बाद जीतू ने आशुतोष के हाथ से माइक ले लिया और कहने लगे, 'बस एक मिनट, आशुतोष जी, ये आपका अधिकार है, मैंने आशीर्वाद मांगा था।' इस बीच, जैसे ही आशुतोष जाने लगे, जीतू ने उन्हें रोकने की कोशिश की और कहा, “मैंने यहां सभी से पूछा कि क्या उन्होंने पहले कभी आशुतोष जी को देखा है, और एक भी हाथ नहीं उठाया गया।” इस पर आशुतोष ने कहा, “जो जानते हैं, मैं यहीं रहता हूं, मेरा घर यहीं है। मैं बचपन से यहीं हूं।” यह कह कर वह चला गया.
जीतू घनश्याम सिंह के लिए वोट मांग रहे हैं
इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. लोग इसे चुनावी सौहार्द की मिसाल बता रहे हैं तो कई लोग इसे चुनाव प्रचार का अनोखा पल मान रहे हैं.
गौरतलब है कि दतिया उपचुनाव में कांग्रेस ने कुंवर घनश्याम सिंह को मैदान में उतारा है, जिनके समर्थन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी समेत कई वरिष्ठ नेता प्रचार कर रहे हैं.
इस बीच बीजेपी प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के पक्ष में पार्टी के वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी लगातार प्रचार और सभाएं कर रहे हैं. चुनावी घमासान के बीच यह अप्रत्याशित नजारा पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है.
तस्वीरों में देखें पूरा घटना क्रम

जीतू की मीटिंग चल रही थी. जब आशुतोष वहां से निकले तो दूर से ही नमस्ते करते हुए जाने लगे

इतने में जीतू ने उसे पास बुलाया और कहा, ''दूर से निकलोगे तो कैसे काम चलेगा?''

तभी आशुतोष ने माइक संभाला और कहा, ''मुझे आपके आशीर्वाद की उम्मीद है.''

जीतू ने पूछा- चुनाव से पहले यहां कब दिखे थे?

इस पर आशुतोष ने जवाब दिया कि ये घर है

इसके बाद आशुतोष वहां से चले गए









