
रायपुर, 19 अगस्त 2026
राष्ट्रीय खाद्य एवं पोषण सुरक्षा मिशन के अंतर्गत मोटा अनाज योजना किसानों के लिए आधुनिक कृषि पद्धतियों को अपनाने और उत्पादन बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन रही है। योजना के तहत किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज, आवश्यक कृषि सामग्री तथा तकनीकी मार्गदर्शन उपलब्ध कराकर उन्हें बेहतर उत्पादन और आय वृद्धि के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। योजना का लाभ लेते हुए सरगुजा जिले के अम्बिकापुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम कृष्णापुर निवासी किसान श्री रमेश रजवाड़े ने इस वर्ष कृषि विभाग के मार्गदर्शन में 2 एकड़ क्षेत्र में मक्का की खेती की है। कृषि विभाग द्वारा ग्राम सेवक के माध्यम से उन्हें 2 एकड़ के लिए मक्का का बीज निःशुल्क उपलब्ध कराया गया। किसान ने विभागीय मार्गदर्शन के अनुसार निर्धारित कतार पद्धति से मक्का की बुवाई की। वर्तमान में खेत में मक्का की फसल अच्छी स्थिति में है और फसल की बढ़वार से किसान उत्साहित हैं।
श्री रमेश रजवाड़े ने बताया कि पिछले वर्ष उन्होंने उड़द की खेती की थी। इस वर्ष कृषि विभाग के मार्गदर्शन और योजना से मिले सहयोग के बाद उन्होंने मक्का की खेती करने का निर्णय लिया। बीज उपलब्ध कराने के साथ ही कृषि विभाग के मैदानी अमले द्वारा उन्हें कतारबद्ध बुवाई, फसल प्रबंधन और समय-समय पर आवश्यक दवा के छिड़काव की जानकारी दी गई। वे नियमित रूप से फसल की देखभाल कर रहे हैं। किसान ने बताया कि ग्राम सेवक एवं कृषि विभाग के मैदानी कर्मचारियों से खेती-किसानी से जुड़ी समस्याओं और फसल प्रबंधन के संबंध में समय-समय पर मार्गदर्शन मिल रहा है। इससे उन्हें वैज्ञानिक तरीके से फसल की देखभाल करने में सुविधा हो रही है। उन्हें उम्मीद है कि इस वर्ष मक्का की अच्छी पैदावार होगी, जिससे उनकी कृषि आय में वृद्धि होगी।
श्री रमेश रजवाड़े ने किसानों को निःशुल्क बीज उपलब्ध कराने और कृषि संबंधी तकनीकी मार्गदर्शन देने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शासन से मिलने वाला सहयोग किसानों को नई कृषि तकनीकों को अपनाने और बेहतर उत्पादन के लिए प्रोत्साहित कर रहा है। राष्ट्रीय खाद्य एवं पोषण सुरक्षा मिशन के माध्यम से किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज के साथ वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों की जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है। कतारबद्ध बुवाई जैसी तकनीकों को अपनाने से फसल प्रबंधन बेहतर हो रहा है और किसानों का आधुनिक कृषि के प्रति विश्वास बढ़ रहा है। योजना के माध्यम से किसानों को उत्पादन बढ़ाने के साथ कृषि आय में वृद्धि के लिए निरंतर प्रोत्साहित किया जा रहा है।









