BREAKING NEWS

बस्तर की विश्वविख्यात हस्तशिल्प कला को मिलेगा राष्ट्रीय मंच

ग्रामोद्योग विभाग स्थापित करेगा विशेष ‘बस्तर पवेलियन’

रायपुर, 30 जुलाई 2026

छत्तीसगढ़ शासन के ग्रामोद्योग विभाग के सहयोग से 31 जुलाई से 2 अगस्त 2026 तक प्रतिदिन दोपहर 12.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे तक रायपुर स्थित द वाहे (The Vahe), अंबुजा मॉल के सामने, विधानसभा रोड में ‘द लोकल मेकर्स मार्केट-2026’ का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर ग्रामोद्योग विभाग द्वारा विशेष ‘बस्तर पवेलियन’ स्थापित किया जाएगा, जिसमें बस्तर अंचल की विश्वप्रसिद्ध ढोकरा शिल्प, लौह शिल्प, काष्ठ शिल्प, जनजातीय कलाकृतियों तथा हाथकरघा बुनकरों के उत्कृष्ट उत्पादों का आकर्षक प्रदर्शन किया जाएगा।

विभिन्न राज्यों से 80 से अधिक हस्तशिल्प उद्यमी एवं कलाकार लेंगे भाग

ग्रामोद्योग विभाग का उद्देश्य प्रदेश के पारंपरिक शिल्पकारों एवं कारीगरों को राष्ट्रीय स्तर पर विपणन का अवसर उपलब्ध कराना तथा छत्तीसगढ़ की समृद्ध हस्तशिल्प परंपरा को व्यापक पहचान दिलाना है। तीन दिवसीय इस आयोजन में देश के विभिन्न राज्यों से 80 से अधिक हस्तशिल्प उद्यमी एवं कलाकार भाग लेंगे। विभाग द्वारा 20 स्टॉल स्थापित किए जाएंगे, जिनके माध्यम से प्रदेश के शिल्पकारों को नए बाजार, संभावित खरीदारों एवं डिज़ाइन विशेषज्ञों से जुड़ने का अवसर मिलेगा।

‘बस्तर पवेलियन’ के माध्यम से प्रदेश के शिल्पकारों के उत्कृष्ट कला को राष्ट्रीय मंच मिलेगा

ग्रामोद्योग विभाग के सचिव श्री राजेश सिंह राणा ने कहा कि बस्तर की हस्तशिल्प परंपरा राज्य की सांस्कृतिक विरासत की अमूल्य धरोहर है। राज्य शासन निरंतर ऐसे प्रयास कर रहा है, जिनसे स्थानीय कारीगरों को उनकी कला के अनुरूप पहचान और सम्मान प्राप्त हो तथा उनकी आय में वृद्धि हो। उन्होंने कहा कि ‘बस्तर पवेलियन’ के माध्यम से प्रदेश के शिल्पकारों की उत्कृष्ट कला को राष्ट्रीय मंच पर प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा, जिससे छत्तीसगढ़ की ग्रामीण एवं जनजातीय हस्तशिल्प परंपरा को नई पहचान मिलेगी।

पारंपरिक हस्तशिल्प के संरक्षण, संवर्धन एवं विपणन को सर्वाेच्च प्राथमिकता

सचिव श्री राणा ने कहा कि राज्य शासन पारंपरिक हस्तशिल्प के संरक्षण, संवर्धन एवं विपणन को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए कारीगरों को आधुनिक बाजार से जोड़ने के लिए लगातार कार्य कर रहा है। ऐसे आयोजन न केवल स्थानीय उत्पादों के विपणन को बढ़ावा देंगे, बल्कि छत्तीसगढ़ को देश के प्रमुख सांस्कृतिक एवं हस्तशिल्प केंद्र के रूप में स्थापित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

विभिन्न कलाओं के सजीव प्रदर्शन, कार्यशालाओं, पारंपरिक व्यंजनों के साथ होंगी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

आयोजन के दौरान आगंतुकों को हस्तशिल्प उत्पादों की प्रदर्शनी के साथ-साथ विभिन्न कलाओं के सजीव प्रदर्शन, कार्यशालाओं, पारंपरिक व्यंजनों तथा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आनंद लेने का अवसर भी मिलेगा। ग्रामोद्योग विभाग ने प्रदेशवासियों, कला प्रेमियों, विद्यार्थियों तथा हस्तशिल्प उत्पादों में रुचि रखने वाले सभी नागरिकों से इस आयोजन में अधिक से अधिक संख्या में सहभागिता कर स्थानीय शिल्पकारों का उत्साहवर्धन करने की अपील की है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

R . 1

Advertisement Carousel

Your Opinion

Will Donald Trump's re-election as US President be beneficial for India?
error: Content is protected !!