
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने हाल ही में देश के विकास मॉडल और भविष्य के रोडमैप पर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए स्पष्ट किया कि पिछले 12 वर्षों में भारत ने प्रगति की एक नई गति पकड़ी है, जो आजादी के बाद के पिछले सात दशकों की तुलना में अभूतपूर्व है।
70 साल बनाम पिछले 12 साल, एक तुलनात्मक अध्ययन
चिराग पासवान ने कहा, ‘अगर आप प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में किए गए कार्यों को देखें, अगर आप हर क्षेत्र में तुलनात्मक अध्ययन करेंगे, तो आपको निश्चित रूप से अंतर दिखाई देगा। लगभग 70 वर्षों में अब तक कितना काम किया गया है, और पिछले 12 वर्षों में कितनी अधिक गति से काम किया गया है।’
उनके अनुसार, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे हर बुनियादी क्षेत्र में जो काम पहले दशकों में धीमी रफ्तार से हुआ, वह अब रिकॉर्ड समय में पूरा हो रहा है।
बढ़ती जनसंख्या और विकास की चुनौतियां
विकास के आंकड़ों का विश्लेषण करते हुए उन्होंने एक व्यावहारिक पहलू पर भी ध्यान केंद्रित किया। पासवान ने जोर देकर कहा, ‘वास्तविकता यह भी है कि जब हम वह तुलनात्मक अध्ययन करते हैं, तो हमें इस बात का तुलनात्मक अध्ययन भी करना होगा कि तब से अब तक जनसंख्या कितनी बढ़ी है…’
बढ़ती आबादी की जरूरतों को पूरा करते हुए विकास की रफ्तार को तेज बनाए रखना वर्तमान सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि है।
आजादी की 100वीं वर्षगांठ और ‘विकसित भारत’
चिराग पासवान ने 2047 तक भारत को एक पूर्ण विकसित राष्ट्र बनाने के विजन पर अपना अटूट विश्वास जताया। उन्होंने कहा, “मेरा मानना है कि प्रधानमंत्री जी ने विकसित भारत का जो लक्ष्य रखा है, उसी समयावधि पर जब भारत अपनी आजादी की 100वीं वर्षगांठ मनाएगा, तब विकसित भारत में हमारा तिरंगा लहराता होगा।’







