Mauganj /Rewa News :
मऊगंज। स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर खुले गहरवार नर्सिंग होम की हकीकत अब किसी से छिपी नहीं है। यह नर्सिंग होम इलाज या सुविधा देने से ज्यादा ‘लुभावने ऑफर्स’ चलाकर अपनी दुकानदारी चमकाने में जुटा हुआ है। कभी दवाइयों पर 10% – 20% की छूट, कभी ऑपरेशन पर 50% डिस्काउंट, और अब तो हद ही हो गई—बेटी के जन्म पर 5000 रुपए कैश ऑफर।
लेकिन असलियत इससे कहीं ज्यादा डरावनी है। सूत्रों की मानें तो नर्सिंग होम डिलीवरी के समय पर मरीजों से पांच हजार नहीं, बल्कि उससे कई गुना रकम वसूल करता है। यही नहीं, यहां किसी भी प्रकार का विशेषज्ञ चिकित्सक उपलब्ध नहीं होता। डिलीवरी से लेकर ऑपरेशन तक, सब कुछ अनुभवहीन हाथों में होता है।
सूत्रों की माने तो यहां डिलीवरी के पहले तो ऑफर की बात करके मरीजों को फंसा लिया जाता है, फिर ऑपरेशन और दवाइयों के नाम पर हजारों रुपए ऐंठ लिए जाते हैं। डॉक्टर कहां हैं, ये किसी को नहीं पता?”
यही वजह है कि जच्चा-बच्चा दोनों की जिंदगी सीधे-सीधे खतरे में डाली जा रही है। अस्पताल में न तो बुनियादी सुविधाएं मौजूद हैं, न ही आपातकालीन स्थिति से निपटने की व्यवस्था। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि आखिर प्रशासन कब तक इस तरह के ‘धंधे’ को खुली छूट देता रहेगा।
लोगों की मानें तो यह नर्सिंग होम इलाज नहीं, बल्कि जिंदगी के साथ जुआ खेलने का अड्डा बन चुका है। पैसे की हवस में मरीजों की जिंदगी दांव पर लगाना, किसी भी नजरिए से मानवता और कानून दोनों के खिलाफ है।








